बोल चाल में कुफ़्रिया कलमात ???

🌻 بِسمِ اللّٰہِ الرَّحمٰنِ الرحیم

📔 किसी मालदार (पैसे वाले) को देखकर ये कहना की “आखिर अल्लाह का यह कैसा न्याय है की उसे मालदार (पैसे वाला) बनाया और मुझे ग़रीब “ये कहना कुफ्र है”
नोट:-
जिससे कुफ़्र हुआ है उसे चाहिए की फ़ौरन तौबा करे और पहला कालिमा पढ़े और निकाह करे

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📔 } आपने किसी से कहा गुनाह मत कर वर्ना ख़ुदा जहन्नुम में डाल देगा, उसने कहा मैं जहन्नुम के अज़ाब से नहीं डरता👈 ऐसा कहना कुफ्र है

हवाला 📚
जन्नती ज़ेवर

Published by husainfoundation374

सुन्नी हनफ़ी अहले सुन्नत वल जमात मसलके आला हजरत

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